मुंबई / अकबर खान
मुंबई: वंगानी निवासियों का मुंबई के आज़ाद मैदान में भूख हड़ताल पर बैठे वंगानी निवासियों ने पत्रकारों से बात करते हुए इस बात पर खेद व्यक्त किया कि हमने मकान के लिए भुगतान कर दिया है, हम ई एम आई और किराया दोनों दे रहे हैं, लेकिन हमें अभी तक मकान नहीं मिला है। इस संबंध में अधिक जानकारी यह है कि 2014-15 में, कर्जत तालुका के वंगानी में 5 से 6 हज़ार लोगों ने ज़र्बिया वंगानी प्रोजेक्ट नामक एक निर्माण कंपनी को मकान के लिए 8 लाख रुपये का भुगतान किया था। कई लोगों ने मकान खरीदने के लिए बैंकों से ऋण लिया था। उन्हें उक्त ऋण की ईएमआई और किराया दोनों चुकाना है। लेकिन उस जगह पर अभी तक परियोजना का निर्माण नहीं हुआ है। बिल्डर की गलतियों और अन्य कंपनियों की शिकायतों के कारण मामला अदालत में चला गया है। समय पर मकान न मिलने के कारण हमें किराया और ईएमआई दोनों चुकानी पड़ रही है। तो फिर, फ्लैट बुक करके हमने कौन सी बड़ी गलती कर दी? निवासियों का कहना है। इस संबंध में सोमवार को ठगे गए निवासी मुंबई के आज़ाद मैदान में इकट्ठा हुए और बिल्डर के खिलाफ़ ज़ोरदार नारेबाज़ी की। ज़र्बिया वेलफ़ेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष किशन वासला ने कहा, “सभी ख़रीदारों को जल्द से जल्द उनके घर मिलने चाहिए, बिल्डर की गलती से खोई हुई प्रधानमंत्री आवास योजना (पीएमएवाई) सब्सिडी हमें तुरंत मिलनी चाहिए। हमें अब तक चुकाए गए किराए का मुआवज़ा मिलना चाहिए, निर्माण शुरू होने तक ईएमआई न देने की छूट मिलनी चाहिए और किसी भी बैंक या वित्तीय संस्थान के नोटिस या दबाव से बचना चाहिए।” इन मांगों को लेकर हम आज़ाद मैदान में रोज़ाना विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।


